चंद्र ग्रहण
पंडित अंजनी कुमार दाधीच के अनुसार भारतीय पंचांग की काल गणना के आधार पर कल 7 सितंबर 2025 रविवार के दिन साल का दूसरा चंद्र ग्रहण लग रहा है। चंद्रमा के ग्रहण का समय रात्रि 9:58 मिनट से शुरू होगा और ग्रहण का समापन रात्रि 1:26 मिनट पर होगा। खगोल वैज्ञानिकों के मुताबिक यह ग्रहण पूर्ण चंद्र ग्रहण होगा। ग्रहण काल से 9 घंटे पहले ही ग्रहण का सूतक काल शुरु हो जाता है। दोपहर 12: 59 मिनट से सूतक काल शुरू होगा। यह चंद्र ग्रहण भारत के अलावा ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, अफ्रीका, एशिया, यूरोप, पश्चिमी और उत्तरी अमेरिका तथा दक्षिण अमेरिका के कुछ हिस्सों में भी नजर आएगा। यह चंद्र ग्रहण न्याय के कारक शनि की राशि कुंभ और गुरु के नक्षत्र पूर्वाभाद्रपद में लगने वाला है। ऐसे में जिन भी जातकों का जन्म इस नक्षत्र में हुआ है उनपर विशेष कृपा बनी रहेगी। करियर-कारोबार में मनचाहा लाभ मिलने की संभावना है। नई नौकरी की प्राप्ति होगी, जिससे भौतिक सुख में वृद्धि होना संभव है। स्वास्थ्य समस्याएं दूर होंगी और रिश्तों में प्रेम-विश्वास का संचार होने के योग है।
यह चंद्र ग्रहण मेष, वृषभ, कन्या और धनु राशि वालों के लिए शुभ रहने वाला है। इन राशियों वालों को धन लाभ, करियर-कारोबार में सफलता, वैवाहिक सुख और निवेश में मनचाहा लाभ संभव है। इसके अलावा अटके काम पूरे और भाग्योदय के भी योग बन रहे हैं।
यह चंद्र ग्रहण मिथुन, कर्क, सिंह, तुला, वृश्चिक, मकर, कुंभ और मीन राशि वालों के लिए कष्टकारी या पीड़ादायक हो सकता है। सभी क्षेत्रों में कार्य बाधा, यात्राओं में दुर्घटना कारक या कष्टकारी होगा। किसी नए कार्य को शुरू करने का अगर विचार बना रहे हैं तो अभी ठहराव बेहतर रहेगा। व्यापार में चुनौतियां आ सकती हैं। काम को पूरा करने में दिक्कतें आएंगी। किसी से भी कोई जानकारी साझा न करें।
ग्रहण में क्या नहीं करना चाहिए -
✷ग्रहण की अवधि में सोना नहीं चाहिए।
✷बाल या नाखून भी नहीं काटना चाहिए।
✷ग्रहण में रसोई का कोई काम नहीं करना चाहिए।
✷भोजन ग्रहण भी नहीं करना चाहिए।
✷पूजा-पाठ और भगवान की मूर्तियों को नहीं छूना चाहिए।
✷कोई भी खरीदारी ग्रहण में न करें।
✷शरीर पर तेल नहीं लगाना चाहिए।
✷गर्भवती महिलाएं बाहर जाने की भूल न करें।
✷आसमान को नहीं देखना चाहिए।
✷ सुई से जुड़ा कोई भी काम न करें।
✿ ग्रहण में क्या करना चाहिए -
✷ ग्रहण काल में नाम जप, मंत्र जप, और भगवान भजन कीर्तन करना चाहिए।
✷ कपड़े, अनाज, अन्न - धन आदि का दान करना चाहिए।
लेखक परिचय - Pandit Anjani Kumar Dadhich
पंडित अंजनी कुमार दाधीच
Nakastra Jyotish Sansthan
नक्षत्र ज्योतिष संस्थान
E-mail anjanikumardadhich@gmail.com
📱9829836368
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